Skip to content

THE GYAN GANGA

Know Everythings

  • Home
  • Health
  • Knowledge
  • Biography
  • Tourist Place
  • WEIGHT LOSS
  • Home Remedies
  • Politics
  • Toggle search form
  • 23 मार्च : भगतसिंह, राजगुरु और सुखदेव शहीद दिवस
    23 मार्च : भगतसिंह, राजगुरु और सुखदेव शहीद दिवस History
  • पेन्ट करने का बिजनेस कैसे शुरू करें  | Paint Business Kaise Start kare
    पेन्ट करने का बिजनेस कैसे शुरू करें | Paint Business Kaise Start kare Knowledge
  • Ombudsman institution Uncategorized
  • जानिए राम सिंह कूका की जीवनी | स्वतंत्रता सेनानी राम सिंह कुका
    जानिए राम सिंह कूका की जीवनी | स्वतंत्रता सेनानी राम सिंह कुका Biography
  • कम लागत के लघु उद्योग  कैसे करे | कमाए लाखो का Income हरेक Month – Laghu Udyog Business Kaise Kare
    कम लागत के लघु उद्योग कैसे करे | कमाए लाखो का Income हरेक Month – Laghu Udyog Business Kaise Kare Uncategorized
  • न्यूज़ीलैंड की मस्ज़िद मे आतंकी हमला, बाल बाल बचे बांग्लादेशी क्रिकेटर्स Politics
  • ★ पास्ता का धन्धा करें स्टार्ट : फ़ायदे का है सौदा
    ★ पास्ता का धन्धा करें स्टार्ट : फ़ायदे का है सौदा Uncategorized
  • Pet ke Kide ka Gharelu Ilaj | पेट के कीड़े होने का उपचार
    Pet ke Kide ka Gharelu Ilaj | पेट के कीड़े होने का उपचार Health
सर्दियों मे करें तेल मालिश ,शरीर रहेगा चुस्त दुरुस्त :—-

सर्दियों मे करें तेल मालिश ,शरीर रहेगा चुस्त दुरुस्त :—-

Posted on December 20, 2019April 8, 2024 By admin

मालिश हमारे शरीर को बहुत ज़रूरी है । अधिकतर ये देखा गया है कि मालिश नवजात शिशुओं को ही किया जाता है , लेकिन ऐसा नही है मालिश सिर्फ नवजात शिशुओं को ही आवश्यक है मालिश सभी आयु वर्गों के लिए ज़रूरी है चाहें बड़े हो या छोटे क्योंकि हड्डियों की मजबूती सभी को चाहिए।

आइये आज हम बात करने वाले है मालिश के फ़ायदे के बारे मे तो जैसा कि सर्दियां आ गयी है और इन सर्दियों मे अगर गुनगुनी धूप मे अगर तेल की मालिश शरीर को मिल जाये तो आनंद ही आ जता है।

आयुर्वेद के अनुसार भी तेल की मालिश से वात, पित्त व कफ के दाेषाें काे दूर कर शरीर काे निराेगी रखा जा सकता है। पुराने समय से ही कर्इ प्रकार के तेलाें का उपयाेग मालिश के लिए किया जाता रहा है। आइए जानते हैं किस तेल की मालिश से क्या फायदा मिलता है :-

तिल का तेल : आयुर्वेद के अनुसार तिल विटामिन ए व ई से भरपूर होता है। इसे हल्का गरम कर मालिश करने से निखार आता है। जोड़ों का दर्द हो तो इसके तेल में थोड़ा सोंठ पाउडर, एक चुटकी हींग डाल कर गर्म कर मालिश करें।

सरसों का तेल : खाने के अलावा सरसों के तेल की मालिश से शरीर का रक्तसंचार बढ़ता है, थकान दूर होती है। नवजात शिशु एवं प्रसूता की मालिश इसी तेल से करनी चाहिए। सर्दियों में इस तेल की मालिश लाभदायक है। सरसों के तेल को पैर के तलुओं में सुखाने से थकान तुरंत मिटती है तथा नेत्रज्योति बढ़ती है। दाद, खाज, खुजली जैसे चर्म रोग से निजात पाई जा सकती है।

मूंगफली का तेल : यह खाने में स्वादिष्ट व पचने में हल्का है। प्रोटीन से भरपूर यह तेल रक्त में कोलेस्ट्रॉल की मात्रा नियंत्रित कर हृदय रोगों से बचाता है। जोड़ों के दर्द में इससे मालिश करने से आराम मिलता है।

अलसी का तेल : यह औषधीय गुणों व विटामिन-ई से भरपूर है। त्वचा जलने पर इसे लगाएं, दर्द व जलन से राहत मिलेगी। कुष्ठ रोगियों के लिए यह फायदेमंद है।

नारियल का तेल : इसमें कपूर मिलाकर त्वचा पर लगाने से दाद, खाज, खुजली की शिकायत दूर होती है। त्वचा जलने पर तुरंत नारियल तेल लगाने से निशान नहीं पड़ते।

जैतून का तेल : सर्दियों में बच्चों की राई के तेल से मालिश करने पर निमोनिया व सर्दी के अन्य रोगों में लाभ मिलता है। इससे हल्की मालिश कर के गुनगुनी धूप लें। इसे खानपान में शामिल करने से वजन नियंत्रित रहता है।

तेलाें के खास प्रयाेग :

सिर दर्द : आंवले को तेल में उबालकर लगाने से सिर दर्द में आराम मिलता है।
थकान : लहसुन को सरसों के तेल में गर्म कर लगाना फायदेमंद होता है। थकान होने पर पैरों की मालिश करें।
एलर्जी : त्वचा में समस्या है तो सरसों का तेल लगना चाहिए। यह एलर्जी में भी लाभकारी है। स्किन प्रॉब्लम्स में नारियल तेल में कर्पूर मिलाकर लगाएं।
सिर दर्द : यदि सिर दर्द है तो आंवला, कढ़ी पत्ता या गुलाब की पंखुडियों को तिल के तेल में उबालकर लगाने से आराम मिलता है। यह खुशबूदार भी होता है।
अस्थमा : सर्दी में अस्थमा के रोगियों की समस्या बढ़ जाती है। ऐसे लोगों को तिल के तेल से शरीर की मालिश करनी चाहिए।
जॉइंट्स पेन : जोड़ों में दर्द है तो सरसों, कैस्टर, अलसी, नारियल और तिल का तेल बराबर मात्रा में मिलाकर गुनगुना कर लगाएं। इससे आराम मिलेगा।

Benefit Oil message in Hindi

  • त्वचा में आई खुश्की दूर होती है।
  • त्वचा की झुर्रियां दूर होती हैं।
  • त्वचा में चमक आती है।
  • ब्लड सर्कुलेशन बेहतर होता है।
  • शरीर की नस-नाड़ियों को ताकत मिलती है।
  • मांसपेशियों की कमजोरी दूर होती है।
  • थकान दूर होती है।
  • शरीर में ताकत महसूस होती है।
  • औषधीय तेलों का इस्तेमाल किया जाए, तो हड्डियां मजबूत होती हैं।
  • गठिया, हड्डियों का टेड़ा-मेढ़ा होना, सिरदर्द, दिमाग की कमजोर आदि दूर होती

मालिश करते वक्त बरतें सावधानियां

  • धूप में बैठकर गुनगुने तेल से मालिश करें। इसके कई लाभ होते हैं।
  • ज्यादा ठंडी हवा में खुले बदन मालिश न करें, इससे ठंड लग सकती है।
  • मालिश के तुरंत बाद ठंडे पानी से न नहाएं।।
  • एकदम नहाकर धूप में आकर न बैठें, सर्द-गर्म हो सकता है।

मालिश के लिए मौसम और तेल, दोनों की भूमिका अहम होती है। मौसम के अनुसार, मालिश के लिए जरूरी जरूरी तेल और तरीके, दोनों बदल जाते हैं।

सर्दी:  सर्दी के मौसम में इसे बेहद गुणकारी माना गया है। सुबह के समय धूप निकलने के बाद मालिश करानी चाहिए। सर्दियों में मालिश के लिए तिल के तेल का इस्तेमाल करें। दरअसल, तिल के तेल से शरीर को जरूरी पोषक तत्व मिलते हैं। साथ ही यह त्रिरोग (वात, पित्त और कफ) नाशक का भी काम करता है।

गर्मी: गर्मी में मालिश के लिए नारियल का तेल या गाय का घी इस्तेमाल करना चाहिए।

मॉनसून: बेहतर होगा कि मॉनसून में बॉडी मसाज से बचें, लेकिन अगर इलाज के लिए जरूरी हो तो कुछ बातों का ध्यान रखें। बारिश हो रही हो तो मालिश न कराएं और मालिश तभी कराएं जब धूप निकल रही हो। तिल के तेल को इस मौसम में परफेक्ट माना जाता है।

ऐसे करें मालिश :

  • सबसे पहले सिर की मसाज करनी चाहिए। ध्यान रहे कि मालिश हल्के-हल्के हाथों से करें। सिर के साथ ही चेहरे की भी मालिश करें। इसके बाद हल्के हाथों से गर्दन पर मालिश करें।
  • गर्दन के बाद कंधों पर गोल-गोल तरीके से मालिश करें। फिर हाथों पर उंगलियों की दिशा में मालिश करें। कोहनियों और कलाइयों पर भी गोल-गोल मसाज करें।
  • इसके बाद शरीर के आगे के हिस्से (सीना और पेट) की मालिश करें। यहां ज्यादा जोर न लगाएं। आगे के हिस्से में महत्वपूर्ण अंग जैसे दिल, फेफड़े आदि होते हैं। इसलिए आगे की ओर ज्यादा देर तक मसाज नहीं करनी चाहिए।
  • कमर पर नीचे से ऊपर की ओर मालिश करना बेहतर माना जाता है। कमर पर मालिश के दौरान उंगलियों से थोड़ा दबाव बनाना बेहतर रहता है।

Health

Post navigation

Previous Post: ★ टैटू का व्यापार करें और लाखों कमाए | Tatto ka Business kaise Kare
Next Post: जाने क्या है 1985 का असम समझौता | Kya hai Assam Accord

Related Posts

  • प्रोटीन के श्रोत इसके फायदे और नुकसान
    प्रोटीन के श्रोत इसके फायदे और नुकसान Health
  • How to Improve Immune System In Hindi इम्यून सिस्टम कैसे बडए, तो बना लें इन चीजों से दूरी Health
  • जंक फ़ूड खाने से होने वाले नुकसान : Junk Food Khane ke Nuksan in Hindi
    जंक फ़ूड खाने से होने वाले नुकसान : Junk Food Khane ke Nuksan in Hindi Health
  • इमली के फायदे और नुकसान – Tamarind (Imli) Benefits and side effects in Hindi
    इमली के फायदे और नुकसान – Tamarind (Imli) Benefits and side effects in Hindi Health
  • Disadvantage Of Drinking Too Much Milk: क्या बहुत ज्यादा दूध पीना से होने वाले नुकसानदेह है? जानिए इसकी सच्चाई Health
  • सोयाबीन है शरीर का एनर्जी बूस्टर | Benefit of Eating Soybean
    सोयाबीन है शरीर का एनर्जी बूस्टर | Benefit of Eating Soybean Health

  • Home
  • Health
  • Knowledge
  • Biography
  • Tourist Place
  • WEIGHT LOSS
  • Home Remedies
  • Politics
  • Home
  • Health
  • Knowledge
  • Biography
  • Tourist Place
  • WEIGHT LOSS
  • Home Remedies
  • Politics
  • ● हैदराबाद के नवाबी सांसद : असदुद्दीन ओवैसी
    ● हैदराबाद के नवाबी सांसद : असदुद्दीन ओवैसी Biography
  • Best Motivational Quotes of Murray Walker Quotes
  • Discover Inspiring Lascelles Abercrombie Quotes Quotes
  • क्रेडिट कार्ड हैक होने के संकेत | credit Card hack hone per kya kare
    क्रेडिट कार्ड हैक होने के संकेत | credit Card hack hone per kya kare Knowledge
  • देश की पहली महिला डॉक्टर”: रुखम्बाई रावत
    देश की पहली महिला डॉक्टर”: रुखम्बाई रावत Biography
  • Best Quotes on Action Uncategorized
  • जानिए लाड़ली लक्ष्मी के बारे में योजना Uncategorized
  • काली गर्दन को गोरा कैसे करे | Home remedies
    काली गर्दन को गोरा कैसे करे | Home remedies Health

Powered by PressBook News WordPress theme